अरब सागर में उठ रहा ‘तूफान’! 17 राज्यों पर डबल अटैक, कहीं बवंडर-बारिश तो कहीं जानलेवा लू, IMD का हाई अलर्ट
देश का मौसम अब खतरनाक मोड़ पर पहुंच चुका है। अरब सागर में बन रहा साइक्लोनिक सिस्टम पूरे भारत की मौसम व्यवस्था को हिला सकता है। मौसम विभाग (IMD) ने बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा समेत 17 राज्यों में आंधी, बवंडर, बिजली गिरने और भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। दूसरी तरफ दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा और यूपी भीषण गर्मी और लू की मार से झुलस रहे हैं। IMD ने साफ चेतावनी दी है कि अगले 48 घंटे बेहद संवेदनशील हो सकते हैं।
अरब सागर में बन रहा खतरनाक सिस्टम, IMD की बढ़ी टेंशन
दक्षिण-मध्य अरब सागर में 21 मई के आसपास एक मजबूत साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग के मुताबिक यह सिस्टम 22 मई तक लो प्रेशर एरिया और फिर डिप्रेशन का रूप ले सकता है। वैज्ञानिकों का मानना है कि इसका रुख सोमालिया और यमन की तरफ हो सकता है, लेकिन इसका असर भारत के मौसम और मानसून दोनों पर पड़ेगा।
यही वजह है कि IMD ने कई राज्यों के लिए हाई अलर्ट जारी कर दिया है। समुद्री इलाकों में तेज हवाएं चलने और समुद्र में ऊंची लहरें उठने की आशंका है। मछुआरों को साफ तौर पर समुद्र में न जाने की चेतावनी दी गई है।
बिहार-बंगाल-झारखंड में तबाही वाला मौसम!
पूर्वी भारत के कई राज्यों में मौसम अचानक बेहद खतरनाक हो गया है। बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल के कई जिलों में तेज आंधी, बिजली गिरने और मूसलाधार बारिश की चेतावनी जारी की गई है। कुछ इलाकों में 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं।
मौसम विभाग ने कहा है कि थंडरस्क्वॉल यानी बवंडर जैसी स्थिति बन सकती है, जिससे पेड़ गिरने, बिजली बाधित होने और जानमाल के नुकसान का खतरा बढ़ गया है।
दिल्ली-राजस्थान-UP में आग बरसा रहा सूरज
जहां एक तरफ देश के कई हिस्से बारिश और तूफान से जूझ रहे हैं, वहीं उत्तर भारत भीषण गर्मी की गिरफ्त में है। दिल्ली, राजस्थान, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के कई शहरों में तापमान 45 डिग्री के पार पहुंच चुका है।
लू के थपेड़ों ने लोगों का घर से निकलना मुश्किल कर दिया है। मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में हीटवेव और तेज होने की चेतावनी दी है। खासतौर पर बुजुर्गों, बच्चों और बीमार लोगों को दोपहर में बाहर न निकलने की सलाह दी गई है।
मानसून पर भी पड़ेगा असर
अरब सागर में बन रहा यह सिस्टम सिर्फ तूफान और बारिश तक सीमित नहीं है। इसका असर दक्षिण-पश्चिम मानसून की चाल पर भी पड़ सकता है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक अगर सिस्टम ज्यादा मजबूत हुआ तो मानसून की रफ्तार प्रभावित हो सकती है।
हालांकि फिलहाल IMD लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और हर अपडेट पर निगरानी की जा रही है।
IMD की बड़ी चेतावनी
मछुआरे समुद्र में न जाएं
खराब मौसम के दौरान घरों में रहें
बिजली चमकने पर खुले मैदान से दूर रहें
तेज हवाओं के दौरान पेड़ों और कमजोर ढांचों से दूरी बनाएं
हीटवेव वाले इलाकों में पानी ज्यादा पिएं और धूप से बचें
अगले 48 घंटे बेहद भारी!
मौसम विभाग का कहना है कि आने वाले 48 घंटे देश के कई हिस्सों के लिए बेहद संवेदनशील हो सकते हैं। एक तरफ चक्रवाती सिस्टम का खतरा, दूसरी तरफ लू और हीटवेव — देश इस समय मौसम के दोहरे हमले का सामना कर रहा है। अब सबकी नजर IMD के अगले अपडेट पर टिकी हुई है।
यह भी पढ़ें...
सावधान भारत: 20 मई को ठप पड़ेगी दवा सप्लाई! ई-फार्मेसी के खिलाफ 12.5 लाख मेडिकल स्टोर हड़ताल पर
बिहार में गर्मी का कहर जारी:बक्सर-रोहतास-भभुआ में लू का अलर्ट, जानिए कब मिलेगी राहत
Comments
Post a Comment