दिल्ली दरबार में ‘बिहार कैबिनेट’ का ब्लूप्रिंट तैयार! सम्राट चौधरी-अमित शाह की मुलाकात से जल्द होगा बड़ा विस्तार
पटना से दिल्ली तक सियासी सरगर्मी तेज है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के ताबड़तोड़ दिल्ली दौरे और एनडीए के शीर्ष नेताओं संग मैराथन बैठकों ने साफ कर दिया है कि बिहार में जल्द ही सत्ता का बड़ा समीकरण बदलने वाला है। कैबिनेट विस्तार की पटकथा लगभग तैयार मानी जा रही है—अब सिर्फ ऐलान बाकी है।
पटना: मुख्यमंत्री बनने के बाद से ही सम्राट चौधरी लगातार एक्शन मोड में नजर आ रहे हैं। दिल्ली में उन्होंने एनडीए के दिग्गज नेताओं के साथ कई अहम बैठकें कीं, जिनका सीधा संबंध बिहार कैबिनेट के विस्तार से जोड़ा जा रहा है। इसी कड़ी में उनकी मुलाकात गृह मंत्री अमित शाह से हुई, जो करीब 25 मिनट तक चली। लेकिन इस छोटी बैठक के सियासी मायने काफी बड़े बताए जा रहे हैं।
सूत्रों के मुताबिक, इस दौरान बिहार बीजेपी प्रभारी विनोद तावड़े के साथ भी चर्चा हुई और पूरा फोकस मंत्रिमंडल के नए स्वरूप पर रहा। बताया जा रहा है कि बीजेपी कोटे से मंत्रियों की संख्या बढ़ाकर 16 करने की तैयारी है। फिलहाल यह संख्या 13 पर अटकी हुई है, ऐसे में तीन नए चेहरों को मंत्रिमंडल में शामिल किया जाना लगभग तय माना जा रहा है।
इतना ही नहीं, पुराने मंत्रियों के विभागों में फेरबदल और कुछ चेहरों को बाहर का रास्ता दिखाने पर भी मंथन हुआ है। यानी सिर्फ विस्तार ही नहीं, बल्कि कैबिनेट में बड़ा ‘रिशफल’ भी देखने को मिल सकता है।
सबसे ज्यादा चर्चा पूर्व डिप्टी सीएम विजय सिन्हा को लेकर है। उनकी भूमिका क्या होगी, उन्हें कौन सा मंत्रालय मिलेगा—इस पर भी दिल्ली में गहन चर्चा हुई है। राजनीतिक गलियारों में कयास लगाए जा रहे हैं कि उन्हें सरकार में एक मजबूत और प्रभावशाली जिम्मेदारी दी जा सकती है।
अब निगाहें 4 मई पर टिकी हैं, जब पांच राज्यों के चुनाव नतीजे आएंगे। माना जा रहा है कि इसके तुरंत बाद बिहार में कैबिनेट विस्तार का ऐलान हो सकता है। सम्राट चौधरी का यह दिल्ली दौरा सिर्फ औपचारिक मुलाकात नहीं, बल्कि नई सरकार के फाइनल ब्लूप्रिंट को मंजूरी दिलाने वाला दौरा साबित हो सकता है।
बिहार की राजनीति अब नए मोड़ पर खड़ी है—जहां चेहरे बदलेंगे, विभाग बदलेंगे और सत्ता का संतुलन भी नए सिरे से तय होगा।
Report: Priyanshu kumar Singh
Comments
Post a Comment